रमेश गुप्ता

भिलाई। डीआईजी रतन लाल डांगी ने दुर्ग संभाग के सभी पुलिस अधीक्षको को सभी शिक्षण संस्थानों का सुरक्षा ऑडिट करने के निर्देश दिए हैं।

गौरतलब है कि गुजरात के सूरत में कोचिंग क्लास रूम में आग लगने से 20 से ज्यादा बच्चों की जान चली गई हैं। प्राप्त जानकारी के अनुसार कोचिंग संस्थान तो अवैध रूप से तो चल ही रहा था, साथ ही आग बुझाने की एवम् आपातकाल मे सुरक्षित निकलने की भी व्यवस्था नहीं की गई थी। जिसके बाद डीआईजी रतन लाल डांगी ने सभी एसपी को अपने जिला मुख्यालय के इस प्रकार की संस्थाओं की एक बार सुरक्षा ऑडिट करने के निर्देश दिए हैं।

सूरत की घटना से दुखी होकर दुर्ग एएसपी रोहित झा ने सोशल मीडिया में लिखा है कि- ‘मन बड़ा खिन्न है। सूरत की घटना, परीक्षा परिणामो के बाद बच्चों की आत्महत्या, समाज की दिशा क्या है? केवल अंको के आधार पर योग्यता का आकलन ? क्या यही एक मार्ग है जो सफलता का विषेशाधिकार रखता है ? ढेर सारे प्रश्न है । सामाजिक ताने बाने में हमने बच्चो को इतना कमजोर बना दिया है कि बच्चा परिस्थितियों से लड़कर हारने के बजाय परिस्थितियों के सामने घुटने टेक कर अपना अस्तित्व समाप्त करने की दिशा में स्वयम को झोंक रहा है । क्या ये हमारे सामाजिक परवरिश का दुष्प्रभाव नही है?’