By शिशिर रायचौधरी

रायपुर। बीते विधानसभा चुनावों में मिली ऐतिहासिक पराजय के बाद  भाजपा के प्रदेश कार्यालय में चल रही समीक्षा बैठक की कव्हरेज करने गए The Voices के वरिष्ठ पत्रकार सुमन पांडेय और विनोद डोंगरे पर भाजपा कार्यकर्ताओं ने जानलेवा हमला कर दिया। भाजपा कार्यकर्ताओं ने जहां कैमरा से फुटेज डिलीट किया वहीं मोबाईल फोन छीन कर भागने की भी कोशिश की।

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शनिवार शाम 4 बजे एकात्म परिसर में भाजपा की बैठक चल रही थी। इसी बैठक को कवर करने के लिए The Voices के वरिष्ठ पत्रकार सुमन पांडेय अपने सहयोगी विनोद डोंगरे के साथ पहुंचे थे। इसी दौरान भाजपा की बैठक में हंगामा शुरू हो गया जिसे वहां उपस्थित दोनों पत्रकारों ने अपने कैमरे में रिकॉर्ड करना शुरू कर दिया। यह बात बैठक में मौजूद कुछ भाजपा नेताओं को इतनी नागवार गुजरी कि उन्होंने अपने समर्थकों के साथ सुमन पांडेय और विनोद डोंगरे पर हमला कर दिया। 

कैमरे से फुटेज डिलीट करने का दबाव बनाते हुए भाजपा नेताओं ने पत्रकार सुमन पांडेय को लगभग 15 मिनट तक प्रदेश भाजपा कार्यालय एकात्म परिसर में बंधक बनाए रखा वहीं कुछ भाजपा कार्यकर्ता वहीं मौजूद दूसरे पत्रकार विनोद डोंगरे का मोबाईल फोन छीनकर भाग खड़े हुए। भाजपा कार्यालय में हुए इस हमले में सुमन पांडेय को सर पर लगी चोट से रक्तस्राव होने के बावजूद छत्तीसगढ़ के बड़े भाजपा नेताओं की उपस्थिति में फुटेज डिलीट करवाने के लिए बंधक बनाए रखना छत्तीसगढ़ भाजपा की कार्यशैली पर गंभीर सवाल खड़े करता है।

छत्तीसगढ़ कांग्रेस कमेटी के महामंत्री शैलेश नितिन त्रिवेदी ने इसे  प्रेस की आजादी पर हमला बताया है। उन्होंने अपने बयान में कहा है कि इस घटना से भाजपा का वास्तविक चरित्र उजागर हुआ है। छत्तीसगढ़ के वरिष्ठ पत्रकारों ने भी भाजपा नेताओं के द्वारा पत्रकारों पर किये गए इस हमले की तीव्र भर्त्सना की है। हांलाकि इस मामले पर अब तक प्रदेश भाजपा की ओर से किसी भी प्रकार की कोई प्रतिक्रिया सामने नही आयी है।

पत्रकारों के द्वारा दर्ज कराई गई शिकायत के आधार पर रायपुर पुलिस ने रायपुर भाजपा के जिलाध्यक्ष राजीव अग्रवाल, विजय व्यास और उनके साथियों के विरुद्ध मामला दर्ज कर लिया है।