दुर्ग। दुर्ग पुलिस का एक अमानवीय चेहरा सामने आया है। यहां कलेक्टोरेट के सायकल स्टैण्ड में काम करने वाले एक ठेका कर्मचारी पर रौब जमाते हुए एडिशनल एसपी विजय पाण्डेय ने लात जूतों से जमकर पिटाई कर दी। कर्मचारी का दोष सिर्फ इतना था कि इसने एक महिला ने वाहन शुल्क की मांग कर दी थी। महिला चुनाव ड्यूटी पर पहुंची थी। उसने ये शिकायत एडिशनल एसपी से कर दी। इसके बाद एडिशनल एसपी साहब ने स्टैंड पर जाकर ही कर्मचारी पर लात-घूसों की बरसात कर दी। 

मामले में जब एसपी संजीव शुक्ला से बात की गई तो अपने अधिकारी के खिलाफ कार्रवाई करने की बजाय एसपी ने कुछ भी कहने से साफ इंकार कर दिया। वहीं ठेका कर्मचारी से मीडिया ने पूछताछ किया तो उसने अपनी आप बीती बताई और दुर्व्यवहार से इंकार कर दिया। जबकि फोटो में साफ दिख रहा कि एडिशनल एसपी किस तरह कर्मचारी की पिटाई कर रहे हैं। 

क्या है मामला

प्रशासन ने कलेक्टोरेट में साइकिल-गाड़ी स्टैण्ड का ठेका दिया हुआ है।  ठेकेदार ने इसके लिए कर्मचारी (नरेन्द्र कुमार वर्मा ) को नियुक्त किया है। मंगलवार को एक महिला अपनी निजी कार में कलेक्ट्रेट पहुंची। उसने पार्किंग में अपनी कार खड़ा कर दी। कर्मचारी ने पर्ची काटकर उसे दे दिया और निर्धारित रकम ( 10 रुपए)  उससे ले लिये। महिला चुनाव ड्यूटी में पहुंची थी।  उसने एएसपी साहब से स्टैण्ड में पैसा लेने की मौखिक शिकायत कर दी। शिकायत के बाद एएसपी विजय पाण्डेय तमतमाए हुए स्टैण्ड के पास पहुंचे और कर्मचारी को तलब कर उसे धमकाने लगे। इसके बाद कर्मचारी ने महिला को 10 रुपए लौटा भी दिया।

इसके बाद एडिशनल एसपी ने अपनी दबंगई और खाकी का रौब दिखाते हुए कर्मचारी को लात-जूते से जमकर पिटाई कर दी। एडिशनल एसपी की दबंगई की फोटो कुछ लोगों ने अपने मोबाइल में कैद कर ली। इससे भी मन नहीं भरा तो उसके खिलाफ शांति भंग करने की धारा 151 के तहत कार्रवाई करते हुए हवालात में बंद कर दिया।