DSP से विधायक बनने के बाद पहाड़सिंह कन्नौजे ने पुलिसकमियों से की बात



डीआईजी ऑफिस में विधायक कन्नौजे की कार रुकते ही पुलिसकर्मी बाहर निकले और हाथ जोड़कर नमस्कार किया।डीआईजी ऑफिस में विधायक कन्नौजे की कार रुकते ही पुलिसकर्मी बाहर निकले और हाथ जोड़कर नमस्कार किया।

रायपुर। तीन माह पूर्व डीएसपी पद से इस्तीफा देकर विधायक बने पहाड़सिंह कन्नौजे शुक्रवार को डीआईजी ऑफिस पहुंचे। उन्होंने साथी पुलिसकर्मियों से मुलाकात की और कहा कि कोई परेशानी हो या कोई परेशान करे तो तत्काल मुझे बता देना, अब तुम्हारा भाई विधायक बन गया है।

मूलत: देवास जिले के रहने वाले कन्नौजे विधायक बनने के पहले डीआरपी लाइन में डीएसपी थे। तीन महीने पूर्व वे डीआईजी हरिनारायणचारी मिश्र के पास पहुंचे थे और कहा था कि सर, मुझे भाजपा से टिकट मिल रहा है। मैं चुनाव लड़ने के लिए इस्तीफा दे रहा हूं। डीआईजी ने इस्तीफा लेकर मुख्यालय भेज दिया।

कन्नौजे ने चुनाव लड़ा और जीत गए। विधायक बनने के पहले उनकी जीप कंट्रोल रूम के बाहर खड़ी होती थी। शुक्रवार को उनका वाहन पुलिस कंट्रोल रूम में डीआईजी के कैबिन के पास रुका। आगे विधायक की नेमप्लेट लगी हुई थी। कार रुकते ही पुलिसकर्मी बाहर निकले और हाथ जोड़कर नमस्कार किया।

पहले घुट-घुटकर जीना पड़ रहा था

कन्नौजे ने उनसे पूछा डीआईजी साहब कहां गए। मिश्र उस वक्त एडीजी कार्यालय गए थे। कन्नौजे को देखकर पुलिसकर्मी कैबिन से बाहर आ गए। कन्नौजे ने कहा कि वे अब आजाद महसूस कर रहे हैं। पहले घुट-घुटकर जीना पड़ रहा था। अधिकारी अच्छे काम में बाधा डालते थे। उन्होंने बगैर नाम लिए कहा कि अधिकारी संकुचित दिमाग के रहे हैं। छुट्टियां नहीं देते हैं, कर्मचारी बंदिश में रहता है। उन्होंने कहा कि वे फोर्स के साथ खड़े हैं।